Google Analytics Meta Pixel
Chhattisgarh

छत्तीसगढ़ में बिना रेरा पंजीयन प्रॉपर्टी बेचना अवैध, सोशल मीडिया विज्ञापनों पर सख्ती, 136 प्रोजेक्ट जांच के घेरे में

बिना रेरा रजिस्ट्रेशन प्रॉपर्टी बेचना हुआ गैरकानूनी: छत्तीसगढ़ रेरा की कड़ी चेतावनी-रायपुर में छत्तीसगढ़ रेरा ने साफ कर दिया है कि बिना पंजीयन के फ्लैट, प्लॉट, मकान या बंगला बेचना पूरी तरह अवैध है। सोशल मीडिया पर बिना रेरा रजिस्ट्रेशन के प्रॉपर्टी के विज्ञापन पर रेरा की कड़ी नजर है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जा रही है।

सोशल मीडिया पर बिना पंजीयन के प्रचार पर सख्ती-रेरा ने ऐसे भ्रामक विज्ञापनों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। अधिकारी बताते हैं कि लोग इन झूठे प्रचारों में फंसकर प्रॉपर्टी खरीद लेते हैं, जिससे उन्हें बाद में कानूनी और आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

बिना पंजीयन निर्माण भी गंभीर अपराध-रेरा ने स्पष्ट किया है कि बिना रेरा पंजीयन किसी भी साइट पर निर्माण शुरू करना गंभीर अपराध है। ऐसे बिल्डरों की जांच की जा रही है और जहां गड़बड़ी पाई जाती है, वहां कड़ी कार्रवाई की जा रही है।

TCP मंजूरी के बावजूद रेरा पंजीयन जरूरी-कुछ प्रोजेक्ट्स को टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) से मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन अगर वे रेरा में पंजीकृत नहीं हैं तो उन पर भी कार्रवाई हो रही है। रेरा ने ऐसे सभी प्रोजेक्ट संचालकों को नोटिस भेजकर जवाब मांगा है।

सात साल में 136 प्रोजेक्ट्स की जांच-रेरा रजिस्ट्रार आस्था राजपूत के अनुसार, पिछले सात सालों में 136 प्रोजेक्ट्स की जांच की गई। गड़बड़ी मिलने पर भारी जुर्माना लगाया गया और कई प्रोजेक्ट्स की बिक्री पर रोक भी लगाई गई।

खरीदारी से पहले रेरा वेबसाइट जरूर देखें-रेरा ने आम लोगों से अपील की है कि प्रॉपर्टी खरीदने से पहले रेरा की वेबसाइट पर जाकर जांच करें कि प्रोजेक्ट पंजीकृत है या नहीं। इससे भविष्य में किसी भी तरह की परेशानी से बचा जा सकता है।

106 अवैध प्रोजेक्ट्स की पहचान, ब्लैकलिस्टिंग की तैयारी-अधिकारियों ने बताया कि 106 ऐसे प्रोजेक्ट्स मिले हैं जो बिना रेरा पंजीयन के निर्माण या बिक्री कर रहे थे। अब ऐसे बिल्डरों को ब्लैकलिस्ट करने और उनका पंजीयन रद्द करने की प्रक्रिया चल रही है।

हाल ही में दो जमीन मालिकों पर जुर्माना-इस महीने रेरा ने गोवर्धन और रामानुज नाम के दो जमीन मालिकों पर पांच-पांच लाख रुपये का जुर्माना लगाया। आरोप है कि वे ‘ओम फार्म, लखोली रेलवे स्टेशन’ के नाम से बिना पंजीयन प्लॉटिंग और बिक्री कर रहे थे।

कानून में जेल और जुर्माने का प्रावधान-रेरा कानून के तहत बिल्डर, एजेंट, जमीन दलाल और प्रॉपर्टी डीलर का पंजीयन अनिवार्य है। बिना पंजीयन काम करने पर तीन साल तक की जेल और पांच लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान है। रेरा की यह कड़ी चेतावनी प्रॉपर्टी खरीदने वालों के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश है। बिना पंजीयन प्रॉपर्टी खरीदना न सिर्फ जोखिम भरा है, बल्कि कानूनी तौर पर भी गंभीर अपराध माना जाता है। इसलिए खरीदारी से पहले रेरा की वेबसाइट पर पंजीयन की जांच जरूर करें।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button