Google Analytics Meta Pixel
Madhya Pradesh

प्रदेश में पशुपालन और दुग्ध उत्पादन के लिए किए जाएंगे विशेष प्रयास – मुख्यमंत्री डॉ. यादव

दुग्ध उत्पादों का विकास कर प्रदेश को नंबर वन बनाएंगे

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सांची दुग्ध संघ एवं कर्मचारियों को समितियों के माध्यम से सशक्त करते हुए प्रदेश में पशुपालन और दुग्ध उत्पादन के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। सांची दुग्ध संघ के किसी भी कर्मचारी अथवा आउटसोर्स कर्मचारी को  नौकरी से नहीं निकाला जाएगा। प्रदेश में वर्तमान दुग्ध उत्पादन को दोगुना करने के लिये विशेष प्रयास किये जाएंगे। सांची ब्रान्ड को और सशक्त बनाया जाएगा। शनिवार को मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर में मांगलिया स्थित सांची दुग्ध प्लांट में आयोजित कर्मचारी संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने सांची दुग्ध संघ के प्लांट का निरीक्षण भी किया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण प्रेम से गोपाल कहलाए। उन्होंने गौमाता के प्रति प्रेम के कारण जीवन भर गोपाल कहलाने में आनंद महसूस किया। उन्होंने अपने मुकुट पर मोर पंख को स्थान दिया। भगवान श्रीकृष्ण ने गौमाता को सदैव महत्व दिया। उन्होंने पशुपालन से जुड़कर आय के साधन के साथ-साथ जीवन अमृत (दुग्ध) से जुड़ने का संकेत दिया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन की सरकार हर वर्ग के विकास के लिए विशेष प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में 51 हजार से अधिक गांव हैं। बावजूद इसके  दुग्ध उत्पादन में हम अन्य प्रदेशों के मुकाबले पीछे हैं। मध्यप्रदेश को दूध उत्पादन एवं उससे निर्मित होने वाले उत्पादों का विकास कर दुग्ध उत्पादन में नंबर वन बनाएंगे। प्रदेश में दुग्ध उत्पादन और इनसे जुड़ी सहकारी समितियों को सशक्त किया जाएगा। सांची दुग्ध संघ के किसी भी कर्मचारी को वीआरएस नहीं लेना पड़ेगा तथा आउटसोर्स के किसी भी कर्मचारी को नहीं निकाला जायेगा। दुग्ध संघ को सशक्त बनाने के लिए इन कर्मचारियों को इसका सहभागी बनाया जाएगा। उन्होंने कहा प्रदेश में दुग्ध उत्पादन को बढ़ाते हुए इसके टर्न ओवर में बढ़ोत्तरी के ‍‍लिये भी विशेष प्रयास किए जाएंगे। मध्य प्रदेश में दूध खरीदी पर पशुपालकों को बोनस दिया जाएगा। दुग्ध संघ की वर्तमान समितियों की क्षमता का विकास करेंगे तथा प्रदेश में दुग्ध उत्पादन के साथ साँची दुग्ध और उसके उत्पादों की खपत को बढ़ाने के लिये विशेष प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि नेशनल डेयरी डेवलपमेंट से एमओयू किया गया है। सहकारिता के माध्यम से सांची ब्रान्ड को और सशक्त किया जाएगा। उन्होंने कहा मध्यप्रदेश में कृषि विकास दर 25 प्रतिशत हुई है। पशुपालन को और अधिक बढ़ावा देने के लिये नई योजना में 10 से ज्यादा गायों का पालन करने वाले पशुपालकों को पशुपालन एवं दुग्ध उत्पादन पर अनुदान का लाभ देंगे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा प्रदेश में बूढ़े पशुधन के संरक्षण के लिये उन्हें गौ-शालाओं में रखा जा रहा है। गौ-शालाओं का अनुदान भी बढ़ा दिया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसानों के दुग्ध उत्पादन में बढ़ोतरी हेतु विशेष सम्मेलनों का आयोजन भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दुग्ध संघ के कर्मचारियों से संवाद किया तथा उन्हें हर संभव सहयोग के लिए आश्वस्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को साँची दुग्ध संघ की ओर से प्रतीक चिन्ह भेंट किया गया। कार्यक्रम में जल संसाधन मंत्री श्री तुलसी सिलावट, राज्यसभा सांसद श्रीमती कविता पाटीदार, सांसद श्री शंकर लालवानी, विधायकगण श्रीमती मालिनी गौड़, श्री मधु वर्मा,  श्री मनोज पटेल तथा श्री गोलू शुक्ला, श्री गौरव रणदिवे, दुग्ध संघ अध्यक्ष श्री मोती सिंह पटेल, दुग्ध संघ कर्मचारी एवं गणमान्य जन उपस्थित थे। सांची दुग्ध संघ के एम.डी. डॉ. सतीश कुमार एस. ने दुग्ध संघ के कार्यों की जानकारी दी।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button