मध्यप्रदेश बजट सत्र में बड़ा खुलासा: प्रदेश में 25.95 लाख युवा बेरोजगार, सरकार ने सदन में दिया आंकड़ा

मध्यप्रदेश विधानसभा बजट सत्र में बेरोजगारी पर गरमाई बहस: 25.95 लाख युवा बेरोजगार-भोपाल में चल रहे मध्यप्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के तीसरे दिन बेरोजगारी का मुद्दा जोरदार तरीके से उठा। विपक्ष के सवाल पर सरकार ने सदन में जो आंकड़े पेश किए, उन्होंने सभी का ध्यान खींचा। प्रदेश में करीब 25 लाख 95 हजार युवा बेरोजगार हैं, यह जानकारी कांग्रेस विधायक प्रताप सिंह ग्रेवाल के सवाल के जवाब में दी गई।
बेरोजगारी का वर्गवार ब्यौरा-सरकार ने बताया कि बेरोजगारी के आंकड़े रोजगार पोर्टल पर पंजीकृत युवाओं के आधार पर तैयार किए गए हैं। ओबीसी वर्ग में करीब साढ़े 10 लाख, सामान्य वर्ग में लगभग साढ़े 6 लाख और एससी-एसटी वर्ग में करीब 9 लाख युवा बेरोजगार हैं। सामान्य वर्ग की हिस्सेदारी कुल बेरोजगारों में लगभग 25 प्रतिशत है।
रोजगार पोर्टल पर पंजीकृत युवाओं की संख्या-मध्यप्रदेश में रोजगार पोर्टल पर फिलहाल 25 लाख 95 हजार युवाओं का पंजीयन है। हालांकि, साल 2021 के अंत तक यह संख्या 30 लाख 23 हजार थी। इसका मतलब है कि पंजीकृत बेरोजगारों की संख्या में थोड़ी कमी आई है, लेकिन यह आंकड़ा अभी भी काफी बड़ा है।
बजट सत्र में रोजगार सृजन पर आगे की बहस की संभावना-बेरोजगारी के इन आंकड़ों ने प्रदेश में रोजगार की स्थिति पर नई बहस छेड़ दी है। बजट सत्र के दौरान रोजगार सृजन और युवाओं के लिए नए अवसर उपलब्ध कराने को लेकर और भी चर्चा होने की उम्मीद है। सरकार और विपक्ष दोनों इस मुद्दे पर सक्रिय नजर आ रहे हैं।
मध्यप्रदेश में युवाओं की बेरोजगारी की समस्या गंभीर बनी हुई है, और यह आंकड़े इस चुनौती को और स्पष्ट करते हैं। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर उठने वाली बहस और उठाए जाने वाले कदम प्रदेश के भविष्य के लिए अहम साबित होंगे।



