“रोहित शर्मा पर टिप्पणी से विवाद, खेल मंत्री बोले- ‘ऐसी बातें खिलाड़ियों की मेहनत का अपमान'”

कांग्रेस प्रवक्ता के बयान पर खेल मंत्री का पलटवार, रोहित शर्मा की कप्तानी और फिटनेस पर उठाए सवाल को बताया शर्मनाक
सोमवार को खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने कांग्रेस प्रवक्ता शमा मोहम्मद को आड़े हाथों लेते हुए उनके बयान को “बेहद शर्मनाक” और “निराशाजनक” करार दिया। शमा ने भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान रोहित शर्मा की कप्तानी और फिटनेस को लेकर सवाल उठाए थे। शमा का यह बयान भारत और न्यूजीलैंड के बीच रविवार को खेले गए चैंपियंस ट्रॉफी मैच के बाद आया, जिसमें रोहित 17 गेंदों में 15 रन बनाकर आउट हो गए थे। कांग्रेस प्रवक्ता पर निशाना साधते हुए मांडविया ने ‘X’ पर लिखा, “कांग्रेस और टीएमसी को खिलाड़ियों को उनके हाल पर छोड़ देना चाहिए, क्योंकि वे अपने प्रोफेशनल करियर को खुद संभालने में पूरी तरह सक्षम हैं।” उन्होंने आगे कहा, “इन पार्टियों के नेताओं द्वारा की गई टिप्पणियां, जो बॉडी शेमिंग और किसी खिलाड़ी की काबिलियत पर सवाल उठाने से जुड़ी हैं, न सिर्फ शर्मनाक हैं बल्कि पूरी तरह निरर्थक भी हैं।” शमा के इस बयान पर चौतरफा विरोध हो रहा है। मांडविया ने यह भी कहा, “इस तरह की टिप्पणियां उन खिलाड़ियों की मेहनत और कुर्बानियों का अपमान करती हैं, जो देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन करने के लिए दिन-रात मेहनत करते हैं।”
सोशल मीडिया पर मचा बवाल, कांग्रेस ने शमा से पोस्ट हटाने को कहा
शमा मोहम्मद का यह विवादित बयान सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ और उन्हें भारी आलोचना का सामना करना पड़ा। कांग्रेस पार्टी ने भी उनके बयान से दूरी बनाते हुए शमा से उनकी ‘X’ पोस्ट डिलीट करने को कहा। अब हटाए जा चुके पोस्ट में शमा ने लिखा था, “रोहित शर्मा एक खिलाड़ी के हिसाब से मोटे हैं! उन्हें वजन कम करने की जरूरत है! और निश्चित रूप से, वह अब तक के सबसे बेकार कप्तान हैं!” गौरतलब है कि भारत ने न्यूजीलैंड को 44 रनों से हराकर सेमीफाइनल में जगह बना ली है और मंगलवार को दुबई में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल खेलेगा।
पूर्व क्रिकेटर और BCCI सचिव ने भी किया विरोध
शमा के इस बयान की आलोचना सिर्फ खेल मंत्री तक सीमित नहीं रही। पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज वेंकटेश प्रसाद ने भी शमा पर निशाना साधते हुए ट्वीट किया, “रोहित ने हमेशा गरिमा बनाए रखी है, उन्होंने आठ महीने पहले हमें टी20 वर्ल्ड कप जिताया और अब एक बड़े ICC टूर्नामेंट के दौरान इस तरह की बॉडी शेमिंग करना न सिर्फ घटिया बल्कि पूरी तरह अनुचित है।” उन्होंने आगे कहा, “एक ऐसे खिलाड़ी का सम्मान किया जाना चाहिए, जिसने अपनी प्रतिभा और नेतृत्व से इतने सालों तक देश को गौरवान्वित किया है।” बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने भी शमा के बयान की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा, “टीम जब एक महत्वपूर्ण ICC टूर्नामेंट में खेल रही हो, तब इस तरह की बचकानी टिप्पणी बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। यह किसी खिलाड़ी या टीम की मनोस्थिति पर नकारात्मक असर डाल सकती है।” सैकिया ने आगे कहा, “हमारे खिलाड़ी अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रहे हैं और इसके नतीजे भी साफ दिख रहे हैं। उम्मीद है कि लोग राष्ट्रीय हित को ध्यान में रखते हुए इस तरह की अपमानजनक टिप्पणियों से बचेंगे और व्यक्तिगत लोकप्रियता के लिए टीम का मनोबल नहीं गिराएंगे।”



