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नवरात्रि से बदलेंगे GST रेट्स: जानिए कैसे होगी बचत और क्यों PM मोदी ने ‘स्वदेशी’ पर दिया जोर

GST बचत उत्सव: इस नवरात्रि, आपकी जेब पर पड़ेगा खुशियों का डबल असर!

खुशखबरी! अब खरीदारी होगी और भी सस्ती, सरकार का बड़ा ऐलान!

नवरात्रि का शुभ आरंभ, अब बचत का भी आगाज़!-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को एक ऐसी सौगात दी है, जिसका इंतज़ार हम सबको था। इस नवरात्रि से, भारत एक नए आर्थिक युग में कदम रखने जा रहा है। सूर्योदय के साथ ही, ‘नेक्स्ट जनरेशन GST रिफॉर्म्स’ लागू हो जाएंगे, जिसे पीएम मोदी ने बड़े ही प्यार से “GST बचत उत्सव” का नाम दिया है। सोचिए, त्योहारों के इस मौसम में जब हम सब खरीदारी के लिए निकलते हैं, तो जेब हल्की होने का डर सताता है। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा! यह बदलाव आम आदमी के लिए किसी तोहफे से कम नहीं है। अब सिर्फ रोजमर्रा की जरूरत की चीजें ही नहीं, बल्कि टीवी, एसी जैसी महंगी चीजें भी सस्ती होने वाली हैं। यह वाकई में एक बड़ी राहत है, जो हर भारतीय परिवार की खुशियों को दोगुना कर देगी। पीएम मोदी ने बिल्कुल सही कहा, यह सिर्फ एक आर्थिक सुधार नहीं, बल्कि एक “डबल बोनस” है, क्योंकि GST में राहत के साथ-साथ इनकम टैक्स में भी छूट मिलेगी, जिससे सालाना करीब ढाई लाख रुपये तक की बचत हो सकती है। यह तो सच में सोने पर सुहागा वाली बात हो गई!

“वन नेशन-वन टैक्स” का सपना हुआ और भी हकीकत!-याद है 2017 जब GST लागू हुआ था? भारत ने “वन नेशन-वन टैक्स” की ओर एक ऐतिहासिक छलांग लगाई थी। तब अलग-अलग टैक्स और टोल के चक्कर में व्यापारी हों या आम ग्राहक, सबको कितनी परेशानी होती थी। GST ने उस बोझ को काफी हद तक कम किया था। अब, इन नए सुधारों से यह प्रक्रिया और भी आसान होने वाली है। पहले GST के चार स्लैब थे – 5%, 12%, 18% और 28%। लेकिन अब मामला सीधा हो गया है! अब मुख्य रूप से सिर्फ दो ही स्लैब रहेंगे – 5% और 18%। हाँ, कुछ खास लग्ज़री आइटम और तंबाकू उत्पादों पर 40% टैक्स लगेगा, लेकिन बाकी सब कुछ बहुत सरल हो गया है। पीएम मोदी का मानना है कि इससे न सिर्फ व्यापार करना आसान होगा, बल्कि दुनिया भर के निवेशक भी भारत की ओर आकर्षित होंगे। खासकर छोटे और मध्यम उद्योगों (MSME) को तो इससे बहुत बड़ा फायदा होने वाला है। टैक्स का ढांचा आसान होने से वे और ज्यादा उत्पादन कर पाएंगे और इससे नए रोजगार भी पैदा होंगे। यह वाकई में भारत की “Ease of Doing Business” रैंकिंग को और भी मजबूत बनाएगा।

“स्वदेशी” का दम, देश का बढ़ेगा दम!-प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में “स्वदेशी” अभियान पर खास जोर दिया। उन्होंने कहा कि जैसे आज़ादी के आंदोलन में स्वदेशी आंदोलन ने देश को मजबूत बनाया था, वैसे ही आज भारत की तरक्की भी स्वदेशी को अपनाने से ही होगी। उन्होंने हम सबको अपील की है कि हम भारतीय सामान खरीदें और उसका प्रचार करें। जब हम अपने देश के उत्पाद खरीदेंगे, तो न केवल हमारे घरेलू उद्योग मजबूत होंगे, बल्कि हमारे देश में ही रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। किसानों की मेहनत से लेकर हमारे कारीगरों द्वारा बनाए गए सामान तक, सबको इसका सीधा फायदा मिलेगा। यह “आत्मनिर्भर भारत” की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम है। इस त्योहारी मौसम में, जब हर घर में खुशियों की लहर है, पीएम मोदी का संदेश एकदम साफ है – “अपने देश का सामान खरीदें और अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाएं।” आइए, हम सब मिलकर गर्व से स्वदेशी सामान खरीदें और बेचें, ताकि देश की तरक्की में हर कोई अपना योगदान दे सके।

क्या-क्या हुआ सस्ता? जानिए, किसे मिलेगा सीधा फायदा!-22 सितंबर से लागू होने वाले इन बदलावों का सीधा असर आपकी अपनी जेब पर पड़ेगा! सोचिए, रोजमर्रा की चीजें जैसे घी, पनीर, मक्खन, नमकीन, केचप, जैम, सूखे मेवे, कॉफी और आइसक्रीम अब और भी सस्ती मिलेंगी। इतना ही नहीं, टीवी, एसी और वॉशिंग मशीन जैसे महंगे सामान भी अब कम दाम पर उपलब्ध होंगे। यह वाकई में आम आदमी के लिए एक बड़ी राहत है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी बड़ी खबर है! ग्लूकोमीटर और डायग्नोस्टिक किट जैसे मेडिकल उपकरणों पर टैक्स घटाकर सिर्फ 5% कर दिया गया है, जिससे इलाज और दवाइयां आम आदमी के लिए और भी सस्ती हो जाएंगी। घर बनाने वालों के लिए भी खुशखबरी है, क्योंकि सीमेंट पर टैक्स 28% से घटाकर 18% कर दिया गया है। और हाँ, कार खरीदने वालों के लिए तो यह किसी सपने के सच होने जैसा है! छोटी कारों पर अब सिर्फ 18% और बड़ी कारों पर 28% टैक्स लगेगा, जिससे कार खरीदना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो जाएगा। कुल मिलाकर, ये बदलाव हर वर्ग के लिए फायदेमंद हैं – चाहे वो घर चलाने वाली गृहिणी हो, पढ़ाई कर रहा छात्र हो, खेत में काम करने वाला किसान हो या फिर देश का व्यापारी हो। सबकी बचत होगी और त्योहारों की खुशियां भी दोगुना हो जाएंगी!

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