ओडिशा की 15 साल की बच्ची को जिंदा जलाया गया: इंसाफ की मांग और सरकार की पहल

ओडिशा में 15 साल की बच्ची पर क्रूर हमला: एक दिल दहला देने वाली घटना-एक मासूम बच्ची के साथ हुई हैवानियत ने पूरे ओडिशा को हिला कर रख दिया है। शनिवार सुबह, 15 साल की एक बच्ची अपने दोस्त के घर जा रही थी, तभी तीन बाइक सवारों ने उस पर हमला कर दिया और उसे जिंदा जलाने की कोशिश की। ये घटना पुरी जिले में हुई, जिससे इलाके में दहशत का माहौल है।
बच्ची की हालत गंभीर, लेकिन होश में-स्थानीय लोगों ने बच्ची को जलते हुए देखा और आग बुझाई। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन हालत गंभीर देखते हुए उसे भुवनेश्वर के AIIMS में रेफर किया गया। बच्ची के शरीर का लगभग 70% हिस्सा जल गया है, फिर भी वो होश में है और बातचीत कर पा रही है। डॉक्टर उसकी जान बचाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।
सरकार ने उठाया जिम्मा, दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई-ओडिशा सरकार ने इस घटना को गंभीरता से लिया है। महिला और बाल विकास मंत्री ने कहा है कि सरकार बच्ची के इलाज का सारा खर्च उठाएगी और दोषियों को जल्द से जल्द पकड़कर सख्त सजा दिलाई जाएगी। सोशल मीडिया पर भी इस घटना पर दुख जताया गया है।
पुलिस जांच में जुटी, CCTV फुटेज की जांच जारी-पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है, लेकिन पुलिस आसपास के CCTV कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। पुलिस ने दो टीमें बनाई हैं ताकि जल्द से जल्द सुराग मिल सके।
घटनास्थल घर के पास, प्रशासन की लापरवाही पर सवाल-यह घटना बच्ची के घर से महज डेढ़ किलोमीटर दूर हुई, और पुलिस स्टेशन भी पास ही है। इस घटना ने प्रशासन की लापरवाही पर सवाल उठाए हैं। इतने पास में इतना बड़ा अपराध होना बेहद चिंताजनक है।
विपक्ष ने जताया दुख, परिजनों से की मुलाकात-इस घटना से पूरे राज्य में गुस्सा है। विपक्षी दलों के नेताओं ने AIIMS जाकर बच्ची के परिजनों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी। उन्होंने दोषियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की है।
समाज को जगाने की जरूरत, अब चुप रहना नहीं चलेगा- यह घटना समाज के लिए एक आईना है। सवाल ये नहीं है कि अपराधी कौन थे, बल्कि सवाल ये है कि दिनदहाड़े एक मासूम बच्ची के साथ ऐसा कैसे हो सकता है? समाज को जागना होगा, सरकार को सख्त कदम उठाने होंगे और पुलिस को जवाबदेह होना होगा। अब चुप रहना कोई विकल्प नहीं है।



