बैटरी चोरी के विवाद में बवाल, पुलिस पर महिलाओं से बदसलूकी के आरोप

बैटरी चोरी के विवाद ने लिया हिंसक रूप, पुलिस पर आदिवासी महिलाओं से बदसलूकी के गंभीर आरोप-मध्य प्रदेश के हरदा जिले के सिराली थाना क्षेत्र के ग्राम गहाल में मोटरसाइकिल की बैटरी चोरी का मामूली विवाद अचानक हिंसक संघर्ष में बदल गया। चोरी का विरोध करने पर कुछ लोगों ने हथियार लहराए और बाद में पुलिस पर पीड़ित आदिवासी परिवार के साथ कथित बदसलूकी का आरोप लगा। इस घटना ने पूरे इलाके में आदिवासी समाज और ग्रामीणों के बीच भारी नाराजगी पैदा कर दी है। पीड़ित परिवार ने न्याय की मांग करते हुए अनुसूचित जाति-जनजाति थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
बैटरी चोरी को लेकर शुरू हुआ विवाद-ग्राम गहाल में एक आदिवासी युवक की मोटरसाइकिल से बैटरी चोरी होने की घटना सामने आई। ग्रामीणों का आरोप है कि शाहरुख खान और मधु लुनिया ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया। जब परिवार ने इसका विरोध किया तो मामला बढ़ गया और गांव में तनाव फैल गया। कुछ लोग चाकू और तलवार लेकर मौके पर पहुंच गए, जिससे पूरे इलाके में डर का माहौल बन गया। विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और लोगों के बीच बहस तेज हो गई।
पुलिस पहुंची, कई लोगों को थाने ले गई-घटना की सूचना मिलते ही सिराली पुलिस थाने की टीम मौके पर पहुंची और हालात को काबू में करने की कोशिश की। पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में लेकर थाने ले जाया। शुरुआत में लोगों को लगा कि पुलिस निष्पक्ष कार्रवाई करेगी, लेकिन बाद में पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठने लगे। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस ने मामले को सही तरीके से नहीं संभाला और पक्षपात किया।
आदिवासी महिलाओं ने लगाए गंभीर आरोप-मामले में नया मोड़ तब आया जब आदिवासी महिलाओं ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। महिलाओं का कहना है कि उन्हें बिना वजह रातभर थाने में रखा गया। उन्होंने बताया कि सिराली पुलिस स्टेशन के अधिकारियों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया, गालियां दीं और मारपीट भी की। महिलाओं ने यह भी आरोप लगाया कि जिन लोगों पर चोरी और हथियार लहराने के आरोप थे, उन्हें रात में ही छोड़ दिया गया, जबकि निर्दोष परिवारों को परेशान किया गया।
आजाक थाने में दर्ज हुई शिकायत-पुलिस की कार्रवाई से नाराज आदिवासी समाज और ग्रामीण एकजुट होकर आजाक पुलिस थाने में लिखित शिकायत लेकर पहुंचे। उनका आरोप है कि पुलिस दबाव में आकर मामले को दबाने की कोशिश कर रही है। समाज के नेताओं ने मांग की है कि सिराली थाना प्रभारी और पूरे स्टाफ के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और मामले की निष्पक्ष जांच हो। वे न्याय की पूरी प्रक्रिया चाहते हैं।
गांव में बढ़ा आक्रोश और तनाव-इस घटना के बाद गांव और आसपास के इलाकों में पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी बढ़ गई है। आदिवासी समाज के लोग महिलाओं के साथ हुई कथित बदसलूकी को बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर जल्द निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई तो वे बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। फिलहाल पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और लोग न्याय की उम्मीद लगाए बैठे हैं।



