इंडोनेशिया में ज्वालामुखी विस्फोट से डगमगाई फ्लाइट: दिल्ली लौटानी पड़ी एयर इंडिया की बाली जा रही उड़ान

इंडोनेशिया का ज्वालामुखी विस्फोट: हवाई यात्राएं हुईं प्रभावित-इंडोनेशिया के पूर्वी भाग में लेवोटोबी लाकी लाकी ज्वालामुखी के अचानक फटने से हवाई यात्राओं में भारी व्यवधान आया है। आसमान में फैले राख के घने बादल के कारण कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को वापस लौटना पड़ा, जिसमें एयर इंडिया की दिल्ली-बाली उड़ान AI2145 भी शामिल है।
यात्रियों की सुरक्षा सबसे पहले-एयर इंडिया की उड़ान AI2145 को ज्वालामुखी विस्फोट के कारण अपना मार्ग बदलना पड़ा और दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सुरक्षित रूप से उतारना पड़ा। हालांकि यात्रियों को असुविधा हुई, लेकिन सभी यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई, जो सबसे महत्वपूर्ण बात है। एयरलाइन ने यात्रियों को होटल में ठहराने, टिकट रद्द करने, यात्रा की तारीख बदलने और धनवापसी जैसे विकल्प भी दिए हैं।
आसमान में फैला राख का घना बादल-ज्वालामुखी विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि राख का बादल 10,000 मीटर (32,800 फीट) की ऊंचाई तक फैल गया, जिसे 150 किलोमीटर दूर से भी देखा जा सकता था। इस कारण बाली हवाई अड्डे पर कई एयरलाइनों की उड़ानें रद्द या रूट परिवर्तित कर दी गईं, जिससे यात्रियों को अपनी योजनाओं में बदलाव करना पड़ा।
बाली हवाई अड्डे पर उड़ानों का प्रभाव-बाली के नगुराह राय अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कई एयरलाइनों की सेवाएं प्रभावित हुईं। वर्जिन ऑस्ट्रेलिया, जेटस्टार, एयर न्यूजीलैंड, टाइगरएयर, जुनेयाओ एयरलाइंस जैसी प्रमुख एयरलाइनों को अपनी उड़ानें रद्द करनी पड़ीं या उनके मार्ग बदलने पड़े। इस घटना से यात्रियों की यात्रा योजनाओं में बड़ा व्यवधान आया है।
एयर इंडिया की तत्परता-एयर इंडिया ने एक बयान जारी कर यात्रि-यों की सुरक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताया है। उन्होंने सभी यात्रियों को होटल में ठहराने की व्यवस्था की है और टिकट रद्द करने, तारीख बदलने, या धनवापसी का विकल्प भी दिया है। इस घटना ने एयरलाइन की आपातकालीन स्थिति में तत्परता और यात्रियों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाया है।



