
वियतनाम में दर्दनाक नाव हादसा: लावा मोबाइल्स के 15 भारतीयों की मौत, कंपनी के कर्मचारी और डिस्ट्रीब्यूटर थे शामिल
वियतनाम के फु क्वोक द्वीप के पास हुआ भयानक हादसा-वियतनाम के फु क्वोक द्वीप के पास शनिवार को एक स्पीडबोट पलटने की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया। इस हादसे में भारतीय मोबाइल कंपनी लावा इंटरनेशनल से जुड़े 15 लोगों की जान चली गई। इनमें 14 चैनल पार्टनर और एक कर्मचारी शामिल थे। ये सभी कंपनी की ओर से आयोजित इंसेंटिव ट्रिप पर वियतनाम गए थे। हादसे के बाद कंपनी ने गहरा दुख जताया और कहा कि वह पीड़ित परिवारों के साथ लगातार संपर्क में है। भारत सरकार और वियतनाम प्रशासन के साथ मिलकर मृतकों के पार्थिव शरीर जल्द भारत लाने की प्रक्रिया में जुटी है।
लावा मोबाइल्स ने जताया गहरा शोक और परिवारों को हरसंभव मदद का भरोसा दिया-लावा इंटरनेशनल ने सोशल मीडिया पर एक आधिकारिक बयान जारी कर हादसे में मारे गए अपने 14 चैनल पार्टनर और एक कर्मचारी के प्रति संवेदना व्यक्त की। कंपनी ने बताया कि वह वियतनाम में भारतीय दूतावास और स्थानीय प्रशासन के संपर्क में है और प्रभावित परिवारों को हर तरह की सहायता दे रही है। कंपनी ने कहा कि इस मुश्किल वक्त में उनकी प्राथमिकता पीड़ित परिवारों का साथ देना और पार्थिव शरीरों को जल्द से जल्द भारत लाना है।
एमडी सुनील रैना ने कहा- यह अपूरणीय क्षति, परिवारों के साथ खड़े हैं-लावा इंटरनेशनल के प्रबंध निदेशक सुनील रैना ने इस हादसे पर गहरा शोक जताया। उन्होंने कहा कि यह घटना उनके लिए बेहद दुखद और अपूरणीय क्षति है। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए कहा कि कंपनी भारतीय दूतावास, वियतनाम प्रशासन और अपनी स्थानीय टीमों के साथ मिलकर राहत कार्यों में लगी हुई है। सुनील रैना ने लोगों से अपील की कि वे दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना करें और परिवारों के साथ सहानुभूति रखें।
कैसे हुआ हादसा? स्पीडबोट पलटने से 15 भारतीयों की मौत, 21 बचाए गए-जानकारी के मुताबिक, स्पीडबोट में 32 भारतीय पर्यटक और चार वियतनामी क्रू मेंबर सवार थे। यह नाव फु क्वोक द्वीप से एन थोई पोर्ट जा रही थी। नगोई द्वीप के पास करीब 400 मीटर की दूरी पर अचानक स्पीडबोट पलट गई। आसपास मौजूद अन्य नावों ने तुरंत बचाव अभियान शुरू किया। बाद में बॉर्डर गार्ड, नौसेना और कोस्ट गार्ड भी मौके पर पहुंचे। इस हादसे में 21 लोगों को सुरक्षित निकाला गया, जबकि 15 की मौत हो गई। खराब मौसम और तेज लहरों ने बचाव कार्य को मुश्किल बना दिया।
मृतकों में तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और केरल के लोग, जांच जारी-भारतीय मिशन के अनुसार, हादसे में मारे गए सभी 15 लोग दक्षिण भारत के तीन राज्यों से थे। इनमें 10 तमिलनाडु, तीन आंध्र प्रदेश और दो केरल के रहने वाले थे। लावा मोबाइल्स ने अभी यह नहीं बताया कि मृतकों में कौन कर्मचारी था और कौन चैनल पार्टनर। वियतनाम प्रशासन ने हादसे की जांच शुरू कर दी है और समुद्री सुरक्षा नियमों की समीक्षा कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसे हादसे न हों।
भारतीय दूतावास ने बनाया कंट्रोल रूम, परिवारों की मदद के लिए हेल्पलाइन जारी-हादसे के बाद हो ची मिन्ह सिटी में भारतीय वाणिज्य दूतावास ने पीड़ित परिवारों की मदद के लिए कंट्रोल रूम बनाया है। दूतावास स्थानीय प्रशासन, अस्पतालों और लावा कंपनी के साथ मिलकर राहत कार्यों और पार्थिव शरीरों को भारत भेजने की प्रक्रिया में लगा हुआ है। कंपनी के प्रतिनिधि भारत और वियतनाम दोनों जगह परिवारों के संपर्क में हैं। जरूरतमंद परिजन दूतावास की हेल्पलाइन पर संपर्क कर सकते हैं। इस दुखद हादसे ने पूरे देश को शोक में डुबो दिया है और सभी परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त की जा रही हैं।



