अरुणाचल प्रदेश को पीएम मोदी की सौगात: 5,000 करोड़ से ज्यादा के प्रोजेक्ट्स का शुभारंभ

अरुणाचल प्रदेश में विकास की नई उड़ान: पीएम मोदी के हाथों 5000 करोड़ की परियोजनाओं का शिलान्यास!
पूर्वोत्तर को मिलेगी तरक्की की नई दिशा-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अरुणाचल प्रदेश का दौरा राज्य के लिए एक बड़ा तोहफा लेकर आया है। इस यात्रा के दौरान, उन्होंने लगभग 5,000 करोड़ रुपये की कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। यह दौरा सिर्फ अरुणाचल के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास को एक नई गति देने वाला साबित होगा। पीएम मोदी के आगमन से राज्य में विकास की एक नई लहर दौड़ गई है, जो आने वाले समय में लोगों के जीवन को बेहतर बनाएगी। इस दौरे ने क्षेत्र की प्रगति की उम्मीदों को और भी पंख लगा दिए हैं।
होलोंगी एयरपोर्ट से शुरू हुआ विकास का सफर-प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा की शुरुआत होलोंगी में स्थित डोनी पोलो एयरपोर्ट से हुई। सुबह करीब 9 बजे वहां पहुंचने के बाद, उन्होंने हेलिकॉप्टर से ईटानगर स्थित राजभवन का रुख किया। इसके बाद, इंदिरा गांधी पार्क में एक बड़ी जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कई विकास कार्यों की शुरुआत की। इस कार्यक्रम में हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए, जिससे राज्य के प्रति लोगों के उत्साह का पता चलता है। स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने इस भव्य आयोजन के लिए पुख्ता इंतज़ाम किए थे, ताकि सब कुछ सुचारू रूप से संपन्न हो सके।
बिजली उत्पादन में आत्मनिर्भरता की ओर: दो बड़ी जलविद्युत परियोजनाओं का शिलान्यास-प्रधानमंत्री मोदी ने अरुणाचल प्रदेश में बिजली उत्पादन को बढ़ावा देने वाली दो महत्वपूर्ण जलविद्युत परियोजनाओं की आधारशिला रखी। **तातो-1 हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट**, जिसका निर्माण शि योमी जिले की यारजेप नदी पर होगा, 186 मेगावॉट की क्षमता के साथ राज्य को बिजली के मामले में और मजबूत बनाएगा। राज्य सरकार और NEEPCO मिलकर इसे 1,750 करोड़ रुपये की लागत से बनाएंगे, जिससे हर साल लगभग 802 मिलियन यूनिट बिजली का उत्पादन होगा। इसके साथ ही, **हीओ हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट** भी 240 मेगावॉट की क्षमता के साथ 1,939 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होगा। इसके पूरा होने पर सालाना 1,000 मिलियन यूनिट बिजली का उत्पादन होगा, जिसका सीधा फायदा न केवल अरुणाचल बल्कि पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र को मिलेगा। यह कदम राज्य को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
तवांग में बनेगा अंतरराष्ट्रीय स्तर का कन्वेंशन सेंटर-प्रधानमंत्री मोदी ने तवांग में बने एक शानदार कन्वेंशन सेंटर का वर्चुअल उद्घाटन भी किया। यह सेंटर **PM-DevINE** योजना के तहत 145.37 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया है। यह 1,500 से अधिक लोगों के बैठने की क्षमता वाला एक आधुनिक केंद्र है, जो अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार किया गया है। अपनी उन्नत सुविधाओं के साथ, यह कन्वेंशन सेंटर पर्यटन और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे स्थानीय कला, संस्कृति और पर्यटन को एक नई पहचान मिलेगी और यह क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा देगा।
कनेक्टिविटी, स्वास्थ्य और सुरक्षा: 1290 करोड़ से अधिक की अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाएं-प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा सिर्फ बिजली और पर्यटन तक ही सीमित नहीं रहा। उन्होंने 1,290 करोड़ रुपये से अधिक की अन्य महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं की भी शुरुआत की। इन परियोजनाओं में कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने, स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाने और फायर सेफ्टी जैसी आवश्यक सुविधाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया गया है। इन पहलों से न केवल स्थानीय लोगों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार होगा, बल्कि यह क्षेत्र में आर्थिक विकास को भी नई गति प्रदान करेगा। ये परियोजनाएं क्षेत्र के समग्र विकास और नागरिकों की सुविधा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और राजनीतिक दिग्गजों की मौजूदगी-प्रधानमंत्री के इस महत्वपूर्ण दौरे को देखते हुए, ईटानगर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। राज्यपाल के.टी. परनाइक, मुख्यमंत्री पेमा खांडू, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू, लोकसभा सांसद तापिर गाओ और राज्यसभा सांसद नाबम रेबिया जैसे कई गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम को अरुणाचल प्रदेश के राजनीतिक और विकास परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है। सभी नेताओं की उपस्थिति ने इस आयोजन के महत्व को और बढ़ा दिया।
अरुणाचल के बाद अब त्रिपुरा की ओर-अरुणाचल प्रदेश में अपने कार्यक्रमों को पूरा करने के बाद, प्रधानमंत्री मोदी त्रिपुरा के लिए रवाना हो गए, जहाँ उन्होंने कई अन्य आधिकारिक कार्यक्रमों में भाग लिया। इस तरह, प्रधानमंत्री का यह पूर्वोत्तर दौरा अरुणाचल प्रदेश के साथ-साथ पूरे क्षेत्र के लिए नई उम्मीदें और अवसर लेकर आया है। यह दौरा क्षेत्र के भविष्य के विकास की एक स्पष्ट तस्वीर पेश करता है।



