Madhya PradeshState
Trending

मुख्यमंत्री श्री चौहान की अध्यक्षता में हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में लिये गये महत्वपूर्ण निर्णय…..

10 / 100

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक में राज्य शासन के सभी विभागों के समान संवर्गों के लिये सुनिश्चित केरियर प्रोन्नयन योजना लागू करने की स्वीकृति दी गयी। इस निर्णय से प्रदेश के शासकीय कर्मचारियों को 35 वर्ष अथवा अधिक अवधि की सेवा होने की स्थिति में दिनांक 01 जुलाई, 2023 से चतुर्थ समयमान वेतनमान स्वीकृत हो सकेगा। चतुर्थ समयमान वेतनमान के दिशा-निर्देश जारी करने के लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया गया। यह वेतनमान स्वीकृत करने पर शासन पर अनुमानित व्यय भार 250 करोड़ रूपये आयेगा।

युवाओं को कला प्रशिक्षण फैलोशिप- 2023

Related Articles

मंत्रि-परिषद ने “युवाओं को कला प्रशिक्षण फैलोशिप-2023” देने का निर्णय लिया। परंपरागत एवं जन-जातीय लोक कला को बढ़ावा देने के लिए मध्यप्रदेश जनजातीय संग्रहालय के माध्यम से प्रदेश के 1 हजार युवाओं को 3 महीने की अवधि के लिए 10 हजार रूपये की मानद फैलोशिप प्रदान किए जाने की स्वीकृति दी गई। योजना में युवाओं को गायन, वादन, नृत्य, नाट्य, चित्र तथा शिल्प आदि में से किसी एक कला का प्रशिक्षण 3 माह में दिया जाएगा।

4 नवीन शासकीय महाविद्यालयों की स्थापना की स्वीकृति

मंत्रि-परिषद द्वारा 04 नवीन शासकीय महाविद्यालय, शासकीय विधि महाविद्यालय डिंडोरी, शासकीय महाविद्यालय नारायणगंज मंडला, शासकीय महाविद्यालय खिरकिया हरदा, शासकीय महाविद्यालय खड्डी सीधी की स्थापना की स्वीकृति दी गई। साथ ही 03 शासकीय महाविद्यालयों में नवीन संकाय शासकीय महाविद्यालय ताला, सतना (वाणिज्य), शासकीय महाविद्यालय रामनगर, सतना (विज्ञान एवं वाणिज्य), शासकीय महाविद्यालय सिलवानी रायसेन (विज्ञान), 03 शासकीय महाविद्यालयों में स्नातक स्तर पर नवीन विषय शासकीय महाविद्यालय ताला, सतना (संस्कृत, गृह विज्ञान, दर्शनशास्त्र, मनोविज्ञान), शासकीय महाविद्यालयन्यू रामनगर, सतना (अर्थशास्त्र, भूगोल, संस्कृत, इतिहास), शासकीय महाविद्यालय अमरपाटन, सतना (कंप्यूटर साइंस) एवं 06 शासकीय महाविद्यालयों में स्नातकोत्तर स्तर पर नवीन विषय प्रारंभ किए जाने के लिए कुल 341 नवीन पद सृजन तथा आवर्ती व्यय भार रूपये 1981.00 लाख प्रतिवर्ष एवं अन्य अनावर्ती व्यय रूपये 5854.32 लाख, इस प्रकार कुल 7835.32 लाख के व्यय की स्वीकृति दी गई है।

नर्मदापुरम जिले में नवीन तहसील शिवपुर का सृजन

मंत्रि-परिषद ने जिला नर्मदापुरम में नवीन तहसील शिवपुर के सृजन की स्वीकृति दी। वर्तमान तहसील सिवनी मालवा के राजस्व निरीक्षक मंडल शिवपुर के पटवारी हल्का नम्बर 01 से 09, राजस्व निरीक्षक मण्डल चापडाग्रहण के पटवारी हल्का नम्बर 10 से 19, राजस्व निरीक्षक मण्डल पगढाल के पटवारी हल्का नम्बर 20 से 30 कुल 30 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे। तत्पश्चात तहसील सिवनी मालवा में राजस्व निरीक्षक मण्डल खपरिया के पटवारी हल्का नम्बर 01 से 13, राजस्व निरीक्षक मण्डल धरमकंडी के पटवारी हल्का न. 14 से 23, राजस्व निरीक्षक मण्डल सिवनी मालवा के पटवारी हल्का नं. 24 से 33, राजस्व निरीक्षक मण्डल लोखरथलाई के पटवारी हल्का न. 34 से 45, राजस्व निरीक्षक मण्डल के नंदरवाड़ा के पटवारी हल्का न. 46 से 57, इस प्रकार कुल 57 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे।

नर्मदापुरम जिले की नवीन तहसील शिवपुर के कुशल संचालन के लिए तहसीलदार 01, सहायक ग्रेड-2 के 02, सहायक ग्रेड-3 का 04, सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 01, जमादार / दफतरी / बस्तावरदार 1, वाहन चालक 1, भृत्य 04 इस प्रकार कुल 14 पद स्वीकृत किये गये हैं।

सीधी में नवीन तहसील मड़वास का सृजन

मंत्रि-परिषद ने सीधी जिले में नवीन तहसील मड़वास के सृजन का निर्णय लिया। वर्तमान तहसील मझौली के राजस्व निरीक्षक मण्डल गिजावर के पटवारी हल्का 33,35-38,40,42-45 एवं 48 तथा राजस्व निरीक्षक मण्डल मडवास के पटवारी हल्का नम्बर 31,32,39,41,46,47 एवं 49 से 55 इस प्रकार कुल 24 पटवारी हल्के एवं 71 ग्राम समाविष्ट होंगे, जिनके गठन के बाद शेष तहसील मझौली में तहसील मझौली के प.ह.न. 1-11, 14-22 तथा रा.नि. मण्डल जोबा के प.ह.न. 12,13, 23-30 एवं 34, इस प्रकार कुल 31 पटवारी हल्के तथा 61 ग्राम समाविष्ट होंगे।

सीधी में नवीन तहसील मड़वास के कुशल संचालन के लिए तहसीलदार 01, नायब तहसीलदार 02, सहायक ग्रेड 2 के 02, सहायक ग्रेड 3 के 04, सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 3, जमादार/दफतरी/बस्तावरदार का 1, वाहन चालक का 1. भृत्य के 06 इस प्रकार कुल 20 पद स्वीकृत किये गये हैं।

दूरसंचार की सुगमता एवं विस्तार दिशा-निर्देश 2023 का अनुमोदन

भारत सरकार द्वारा जारी राईट ऑफ वे (Right of Way Rules) नियम 2022 तथा भारतीय तार (अवसंरचना सुरक्षा) नियम, 2022 के साथ संरेखण करते हुए तैयार की गई “मध्यप्रदेश में दूरसंचार अवसंरचना की स्थापना को सुगम बनाने हेतु नीति 2023” एवं “मध्यप्रदेश में दूरसंचार अवसंरचना की स्थापना को सुगम बनाने हेतु दिशा-निर्देश 2023” का मंत्रि-परिषद द्वारा अनुमोदन प्रदान किया गया। उक्त नीति लागू किये जाने से मध्यप्रदेश में दूरसंचार अवसरंचना (4G/5G) का शीघ्रता और सुगमता से विस्तार होगा तथा राज्य शासन की आय में वृद्धि होगी।

प्रदेश में दूरसंचार सेवाओं एवं अधोसंरचना के सुनियोजित विकास एवं विस्तार को सुनिश्चित करने के लिये “मध्यप्रदेश में दूरसंचार सेवा, इंटरनेट सेवा, अवसंरचना प्रदाताओं द्वारा वायर लाइन या वायरलेस आधारित वाइस एवं डाटा पहुँच सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए अधोसंरचना की स्थापना को सुगम बनाने के लिये नीति एवं दिशा-निर्देश 2019 “वर्तमान में लागू है। नीति की वैधता अवधि दिसम्बर, 2023 तक है। वर्तमान में देश के अंदर 5G दूरसंचार की सुविधाएँ भी Rollout कर दी गई है। भारत सरकार, संचार मंत्रालय, दूरसंचार विभाग द्वारा दिनांक 17 अगस्त 2022 को भारतीय तारमार्ग के अधिकार (ROW) (संशोधन) नियम, 2022 जारी किए गए हैं, जिसमें 5G रोल-आउट से संबंधित दूरसंचार अवसंरचना की स्थापना एवं बुनियादी ढाँचे को और अधिक मजबूती प्रदान करने के लिये विशिष्ट प्रावधान किये गये हैं। दूरसंचार विभाग, भारत सरकार द्वारा 3 जनवरी 2023 को भारतीय तार (अवसंरचना सुरक्षा) नियम, 2022 जारी किये गये हैं। इन नियमों में यह प्रावधान किया गया है कि सार्वजनिक एवं निजी संपत्ति पर स्थापित मौजूदा दूरसंचार अवसंरचना स्थल पर कोई व्यक्ति / एजेन्सी खुदाई या खनन का कार्य करता है, तो सामान्य, पोर्टल के माध्यम से संबंधित अनुज्ञप्तिधारी को सूचित करेगा। इससे दूरसंचार अवसंरचना को अवांछित क्षति से बचाया जा सकेगा।

अनुसूचित जाति एवं जनजाति के उद्यमियों के लिए निर्णय

मंत्रि-परिषद द्वारा विकसित औद्योगिक क्षेत्रों में अनुसूचित जाति एवं जनजाति वर्ग के उद्यमियों हेतु 20 प्रतिशत भूखंड का आरक्षण तथा इन उद्यमियों को प्रब्याजी और विकास शुल्क में 50 प्रतिशत छूट देने के संबंध में मध्यप्रदेश एमएसएमई के औद्योगिक भूमि तथा भवन आवंटन एवं प्रबंधन नियम 2021 (यथा संशोधित अक्टूबर 2022) में संशोधन करने का निर्णय लिया गया।

6 नवीन शासकीय आईटीआई की स्थापना की स्वीकृति

मंत्रि-परिषद द्वारा प्रदेश में 6 नवीन शासकीय आईटीआई की स्थापना का निर्णय लिया गया। इन 6 आईटीआई के लिए 114 प्रशिक्षकीय और 66 प्रशासकीय पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई। इन 6 आईटीआई के लिए अनावर्ती व्यय रूपये 9487.20 लाख तथा पांच वर्ष के लिए आवर्ती व्यय लगभग रुपये 2580.00 लाख के वित्तीय प्रावधान की भी स्वीकृति प्रदान की गई।

शा. पॉलीटेक्निक्, नर्मदापुरम में 4 नवीन पाठ्यक्रम की स्वीकृति

मंत्रि-परिषद द्वारा शासकीय पॉलीटेक्निक् महाविद्यालय, नर्मदापुरम में चार नवीन पाठ्यक्रमों (सिविल इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग और कम्प्यूटर साईंस इंजीनियरिंग) के संचालन की स्वीकृति दी गयी। यह पॉलीटेक्निक् वर्ष 1996 से एक ही संकाय के साथ संचालित है। इस हेतु प्रस्तावित 33 शैक्षणिक पद, गैर शिक्षकीय एवं सहायक अमले के 15 पद तथा गैर शिक्षकीय एवं चतुर्थ श्रेणी स्टॉफ के 20 पद (जिलाध्यक्ष द्वारा निर्धारित दर पर आउटसोर्सिंग पर), इस प्रकार कुल 68 पद के सृजन की स्वीकृति दी गयी। इस पर होने वाले आवर्ती व्यय लगभग 1068.08 लाख और अनावर्ती व्यय लगभग 801.26 लाख रूपये के वित्तीय प्रावधान की भी स्वीकृति दी गई।

अन्य निर्णय

मंत्रि-परिषद द्वारा मुद्रा योजना की पूर्व से मौजूद इकाइयों के लिये, जिनका 01 सितम्बर 2022 के बाद नवीनीकरण किया जा रहा है, मुख्यमंत्री उद्यम क्रान्ति योजना में पात्र होने पर लाभांवित किये जाने के लिये योजना में नवीन उद्यम होने संबंधी प्रावधान से छूट दी जाने का निर्णय लिया गया।

jeet

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button