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LPG सिलेंडर हुआ ₹183.50 सस्ता, होटल-रेस्टोरेंट को मिली बड़ी राहत; जानिए पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस का हाल

कमर्शियल LPG सिलेंडर में बड़ी कटौती-महंगाई के बीच कारोबारियों के लिए एक अच्छी खबर आई है। 1 जुलाई से तेल कंपनियों ने 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत में ₹183.50 की कमी की है। इससे होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, बेकरी, चाय की दुकान और कैटरिंग जैसे छोटे व्यवसायों को फायदा होगा क्योंकि ये सिलेंडर रोजमर्रा के काम में इस्तेमाल होते हैं। हालांकि घरेलू रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल की कीमतों में अभी कोई बदलाव नहीं हुआ है, इसलिए आम लोगों को अभी थोड़ा इंतजार करना होगा।

दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में गिरावट-नई कीमतों के लागू होने के बाद दिल्ली में 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत ₹3,113.50 से घटकर ₹2,930 हो गई है। यह पिछले कई महीनों में सबसे बड़ी मासिक कटौती मानी जा रही है। हालांकि यह कटौती अभी भी सिलेंडर की शुरुआती कीमत ₹1,691.50 से काफी ज्यादा है। साल की शुरुआत में कीमतें कम थीं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और वैश्विक परिस्थितियों के कारण जून तक कीमतें काफी बढ़ गई थीं।

कीमतों में तेजी से बढ़ोतरी की वजह-इस साल कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हुई है। इसका मुख्य कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में LPG और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें हैं। इसके साथ ही पश्चिम एशिया में तनाव, वैश्विक ऊर्जा बाजार की अस्थिरता और सप्लाई में अनिश्चितता ने भी कीमतों को प्रभावित किया। इन सब वजहों से तेल कंपनियों की लागत बढ़ी, जिसका असर कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों पर पड़ा। अब हालात सामान्य होने पर पहली बार कीमतों में राहत मिली है।

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से मिली राहत-पिछले कुछ दिनों में पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के कारण तेल कंपनियों को राहत मिली है। विशेषज्ञों का मानना था कि सबसे पहले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में कमी आएगी क्योंकि इसकी कीमत हर महीने बाजार के अनुसार तय होती है। अब यह अनुमान सही साबित हुआ है और कारोबारियों को पहली बार राहत मिली है।

घरेलू गैस, पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं-कमर्शियल LPG सस्ता होने के बावजूद घरेलू 14.2 किलो वाले LPG सिलेंडर की कीमत में कोई बदलाव नहीं हुआ है। यानी घरों में इस्तेमाल होने वाली गैस की कीमतें अभी वैसी ही हैं। साथ ही पेट्रोल और डीजल की कीमतें भी स्थिर बनी हुई हैं। इसलिए आम परिवारों और वाहन मालिकों को अभी राहत का इंतजार करना होगा। सरकार और तेल कंपनियों ने फिलहाल इन ईंधनों की कीमतों में कोई कटौती का ऐलान नहीं किया है।

होटल और छोटे कारोबारियों को मिलेगा फायदा-कमर्शियल LPG की कीमत कम होने से होटल, रेस्टोरेंट, कैटरिंग, बेकरी, चाय की दुकान और छोटे व्यवसायों को सीधा फायदा होगा। ये व्यवसाय रोजाना बड़ी मात्रा में 19 किलो वाले सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं, इसलिए उनकी लागत में कमी आएगी। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि इसका मतलब यह नहीं कि खाने-पीने की चीजें तुरंत सस्ती हो जाएंगी क्योंकि मजदूरी, परिवहन और अन्य खर्च अभी भी ज्यादा हैं, इसलिए लागत का दबाव बना रहेगा।

तेल कंपनियां अभी भी पुराने नुकसान की भरपाई कर रही हैं-जब कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ी थीं, तब सरकार ने बताया था कि सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों को पेट्रोल, डीजल और घरेलू LPG की बिक्री पर भारी नुकसान उठाना पड़ा है। अब जबकि अंतरराष्ट्रीय कीमतें थोड़ी कम हुई हैं, कंपनियां अभी भी उस नुकसान की भरपाई कर रही हैं। इसलिए सबसे पहले राहत कमर्शियल LPG में दी गई है, जबकि पेट्रोल, डीजल और घरेलू गैस की कीमतों में अभी कोई बदलाव नहीं हुआ।

क्या आने वाले दिनों में और सस्ता होगा ईंधन?-विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें स्थिर रहती हैं, भारतीय क्रूड बास्केट की कीमत 70 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी रहती है और रुपये की स्थिति मजबूत रहती है, तो आने वाले हफ्तों में पेट्रोल, डीजल और घरेलू LPG की कीमतों में भी राहत मिल सकती है। फिलहाल इसकी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन मौजूदा कटौती इस बात का संकेत देती है कि ईंधन की कीमतों में धीरे-धीरे बदलाव आ सकता है।

फिलहाल सिर्फ कारोबारियों को मिली राहत-अभी के लिए राहत केवल उन लोगों तक सीमित है जो कमर्शियल LPG सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं। होटल, रेस्टोरेंट और छोटे कारोबारियों की लागत में कमी आएगी, लेकिन आम परिवारों और वाहन मालिकों को अभी इंतजार करना होगा। अगर वैश्विक बाजार में हालात सामान्य बने रहते हैं, तो आने वाले समय में पेट्रोल, डीजल और घरेलू गैस की कीमतों में भी कटौती की उम्मीद बढ़ सकती है। फिलहाल सबकी नजर तेल कंपनियों और सरकार के अगले फैसलों पर बनी हुई है।

 

 

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