अमेरिका से ट्रेड वार में मोदी का बड़ा ऐलान – किसानों और मछुआरों के हितों पर नहीं होगा कोई समझौता

मोदी: किसानों और मछुआरों के लिए अभेद्य ढाल!
किसानों और मछुआरों के हितों पर कोई समझौता नहीं!-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 79वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले से एक बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने साफ कहा कि भारत अपने किसानों, मछुआरों और पशुपालकों के हितों से कोई समझौता नहीं करेगा। यह बात ऐसे समय में आई है जब अमेरिका के साथ होने वाले व्यापार समझौते को लेकर थोड़ी अनिश्चितता बनी हुई है। अमेरिका चाहता है कि भारत अपने कृषि और डेयरी उत्पादों पर लगने वाले टैक्स को कम करे, लेकिन भारत इसका कड़ा विरोध कर रहा है। मोदी ने कहा कि वे किसी भी ऐसी नीति के सामने एक मजबूत दीवार की तरह खड़े रहेंगे जो देश के हित में न हो। यह सीधे-सीधे अमेरिका के उस दबाव का जवाब है, जिसमें वह अपने मक्का, सोयाबीन, सेब, बादाम और डेयरी उत्पादों के लिए भारत में अपना बाजार खोलना चाहता है।
अमेरिका का बढ़ता टैक्स और भारत की अडिग नीति-अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारतीय उत्पादों पर लगने वाले टैक्स को 25% से बढ़ाकर 50% करने का फैसला किया है, जो 27 अगस्त से लागू होगा। इसका भारत के उन उद्योगों पर गहरा असर पड़ सकता है जो ज्यादा लोगों को रोजगार देते हैं, जैसे कि कपड़ा, चमड़ा, जूते, रत्न और आभूषण। इन उद्योगों का सालाना 86 अरब डॉलर का निर्यात अमेरिकी बाजार पर निर्भर करता है। अमेरिका चाहता है कि भारत उसके उत्पादों पर कम टैक्स लगाए, लेकिन भारत ने आज तक किसी भी देश, चाहे वह ऑस्ट्रेलिया हो या स्विट्जरलैंड, को कृषि क्षेत्र में टैक्स में छूट नहीं दी है। मोदी का मानना है कि आत्मनिर्भरता सिर्फ आर्थिक मजबूती ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय सम्मान का भी प्रतीक है और भारत किसी भी वैश्विक आर्थिक दबाव के आगे नहीं झुकेगा।
व्यापार वार्ता की वर्तमान स्थिति और भविष्य की दिशा-भारत और अमेरिका के बीच अब तक व्यापार को लेकर पांच दौर की बातचीत हो चुकी है, और छठी दौर की बातचीत 25 अगस्त को होनी तय है। हालांकि, अमेरिकी टीम की भारत यात्रा की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। वाणिज्य सचिव सुनील भारथवाल ने कहा है कि जैसे-जैसे तारीख नजदीक आएगी, स्थिति और स्पष्ट हो जाएगी, लेकिन दोनों देश लगातार संपर्क में हैं। लक्ष्य यह है कि 2025 के सितंबर-अक्टूबर तक द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) का पहला चरण पूरा कर लिया जाए। 2024-25 में भारत और अमेरिका के बीच कुल व्यापार 131.8 अरब डॉलर रहा, जिसमें भारत का निर्यात 86.5 अरब डॉलर और आयात 45.3 अरब डॉलर था। अप्रैल-जुलाई 2025 में भी भारत का अमेरिका को निर्यात 21.64% बढ़ा है, जो दिखाता है कि तमाम तनावों के बावजूद भारत-अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंध मजबूत बने हुए हैं।



